Friday, July 17, 2009

unconditional love....

प्यार मेरे दिल में संचित,
आज बहुत व्याकुल है
बैठो
तुम मेरे सम्मुख ,
कहने को कुछ आतुर है

तुम मेरे दिल की दस्तक,
तुम मेरे दिल की धड़कन
समझो तुम या ना समझो,
आज सुनो तुम मेरा मन

तुम्हारे लिए ही ये बाहें खुली हैं ,
मुझे पूर्ण कर दो करो आलिंगन/
तुम्हारे लिए ही हैं मेरे साँसे,
तुम्हारे लिए ही मेरा जन्म /
मेरी तमन्ना तुम्ही मेरी चाहत,
बने मेरी जोड़ी जैसे राधा कृष्ण/
मेरे मन को महका रही है,छूके
तुम्हारे बदन को जो आई पवन /
ना मुझसे कभी दूर होना प्रिये,
मैं तेरा चंदन तू मेरी भुजंग /
भ्रमर कोई जब भी कली से मिला,
सुनने पड़े दोनों को कड़वे कथन/
लोगों की बातों को ना तुम सुनो,
कहाँ दूर होते हैं भानु-किरण /
तेरा साथ दूंगा हमेशा सखी ,
जिस छोर मिलते हैं धरती गगन /
बस सामने मेरे तुम बैठी रहो,
पीता रहूँ तेरा रूपमय यौवन /

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